- एक्स पिच ब्लैक 2026 में भारतीय वायुसेना की दमदार मौजूदगी
- ऑस्ट्रेलिया के सबसे बड़े एयर वॉर एक्सरसाइज में शामिल होगी IAF
- राफेल, C-17 और IL-78 के साथ ऑस्ट्रेलिया पहुंची भारतीय वायुसेना
- भारत-प्रशांत क्षेत्र में रक्षा सहयोग बढ़ाएगा एक्स पिच ब्लैक 2026
- भारतीय वायुसेना कल से शुरू करेगी बहुराष्ट्रीय हवाई युद्ध अभ्यास
रक्षा-राजनीति नेटवर्क
नई दिल्ली : भारतीय वायुसेना (Indian Air Force-IAF) 21 जुलाई से ऑस्ट्रेलिया के रॉयल ऑस्ट्रेलियन एयर फोर्स (Royal Australian Air Force-RAAF) के डार्विन एयर बेस पर शुरू होने वाले बहुराष्ट्रीय हवाई युद्ध अभ्यास एक्स पिच ब्लैक 2026 (Exercise Pitch Black 2026) में भाग लेगी। 20 जुलाई से 7 अगस्त 2026 तक आयोजित होने वाला यह अभ्यास RAAF का प्रमुख द्विवार्षिक (Biennial) सैन्य अभ्यास है, जिसमें दुनिया के कई देशों की वायु सेनाएं हिस्सा ले रही हैं।
45 वर्षों के इतिहास का सबसे बड़ा संस्करण
एक्स पिच ब्लैक का नाम उत्तरी ऑस्ट्रेलिया के विशाल निर्जन क्षेत्रों में रात के समय उड़ान संचालन (Night Flying Operations) पर विशेष जोर दिए जाने के कारण रखा गया है। इस बार आयोजित हो रहा संस्करण अभ्यास के 45 वर्षों के इतिहास में सबसे बड़े आयोजनों में से एक माना जा रहा है, जिसमें बड़ी संख्या में अंतरराष्ट्रीय वायु सेनाएं जटिल बहुराष्ट्रीय हवाई युद्ध अभियानों का अभ्यास करेंगी।
राफेल, C-17 और IL-78 के साथ उतरेगी भारतीय वायुसेना
भारतीय वायुसेना का दल पायलटों, इंजीनियरों, तकनीशियनों, नियंत्रकों और विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ वायु योद्धाओं से मिलकर बना है।
अभ्यास के दौरान भारतीय दल निम्नलिखित विमानों का संचालन करेगा—
राफेल (Rafale) मल्टीरोल लड़ाकू विमान
C-17 Globemaster III रणनीतिक परिवहन विमान
IL-78 Air-to-Air Refuelling Aircraft (हवाई ईंधन भरने वाला विमान)
ये विमान संयुक्त अभियानों, लंबी दूरी के संचालन और हवाई ईंधन आपूर्ति जैसे मिशनों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
भारत-प्रशांत क्षेत्र में बढ़ेगा रक्षा सहयोग
भारतीय वायुसेना के अनुसार यह अभ्यास विभिन्न देशों की वायु सेनाओं के बीच Interoperability (अंतरसंचालनीयता) बढ़ाने, संयुक्त अभियान क्षमता मजबूत करने तथा आधुनिक हवाई युद्ध संचालन की सर्वोत्तम प्रक्रियाओं के आदान-प्रदान का महत्वपूर्ण मंच है।
इसके साथ ही यह अभ्यास भारत-प्रशांत (Indo-Pacific) क्षेत्र में पेशेवर सैन्य साझेदारी को और मजबूत करेगा तथा बहुराष्ट्रीय वातावरण में संयुक्त अभियान संचालित करने की क्षमता को भी बढ़ाएगा।
पहले भी तीन बार ले चुकी है भाग
भारतीय वायुसेना इससे पहले 2018, 2022 और 2024 में आयोजित एक्स पिच ब्लैक अभ्यास में भी भाग ले चुकी है। इन अभ्यासों के माध्यम से भारत ने क्षेत्रीय सुरक्षा, रक्षा सहयोग और मित्र देशों के साथ सैन्य समन्वय को मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।



